'इत्यादि' का सही सन्धि-विच्छेद है
Step 1: शब्द की संरचना.
'इत्यादि' का निर्माण 'इति' + 'आदि' से हुआ है।
'इति' का अर्थ है "इस प्रकार" और 'आदि' का अर्थ है "और अन्य"।
Step 2: सन्धि का विश्लेषण.
'इति' और 'आदि' के मेल से 'इत्यादि' बनता है। यहाँ 'इ' और 'आ' के मिलने से 'या' ध्वनि उत्पन्न होती है।
Step 3: विकल्पों का विश्लेषण.
(A) इति + आदि – सही उत्तर।
(B) इत् + यदि – गलत, यह 'इत्यादि' का रूप नहीं है।
(C) इत्य + आदि – गलत है, यह शब्द का मूल विच्छेद नहीं है।
(D) इनमें से सभी – गलत है क्योंकि केवल (A) सही है।
Step 4: निष्कर्ष.
इस प्रकार सही उत्तर है (A) इति + आदि।
पशु पर्व में हट्टे-कट्टे पशुओं का प्रदर्शन किया जाता है। (रेखांकित पदबंध का भेद लिखिए।)
तताँरा नीचे की तरफ खिसलने लगा। (क्रिया-विशेषण पदबंध छाँटकर लिखिए।)
भाई साहब ने अपने दरजे की पढ़ाई का भयंकर चित्र खींचा था। (रेखांकित पदबंध का भेद लिखिए।)
वह इतनी-सी बात भी समझ नहीं सकता है। (क्रिया पदबंध छाँटकर लिखिए।)
उन्होंने बौद्ध धर्म का प्रचार अपने पूरे जीवन भर खूब किया ।