'हर्यण' शब्द का संधि-विच्छेद है:
Step 1: शब्द की संरचना.
'हर्यण' शब्द का निर्माण 'हरि' + 'अत्र' से हुआ है।
Step 2: संधि की पहचान.
'हरि' और 'अत्र' के मिलने पर संधि से 'हर्यण' रूप बनता है। यहाँ 'इ' + 'अ' संधि से 'य' हो जाता है।
Step 3: विकल्पों का विश्लेषण.
(A) हर + अत्र — गलत, मूल शब्द 'हरि' है, केवल 'हर' नहीं।
(B) हर्य + त्र — गलत रूप है।
(C) हरि + अत्र — सही।
(D) हरि + आत्र — यहाँ 'आत्र' नहीं है।
Step 4: निष्कर्ष.
अतः सही उत्तर है (C) हरि + अत्र।
निम्नलिखित में से कार्यालयी पत्र-व्यवहार का उदाहरण नहीं है –
सरकारी / कार्यालयी पत्र व्यवहार हेतु पत्र लिखते समय निम्नलिखित बिंदुओं का उचित (पहले से बाद का) क्रम होगा –
(A) विषय
(B) प्रापक
(C) स्वनिवेदक
(D) संबोधन
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए –
व्युत्पत्ति की दृष्टि से निम्नलिखित शब्दों को तत्सम, तद्भव, देशज और विदेशी के क्रम में व्यवस्थित कीजिए –
(A) कटोरा
(B) कपूर
(C) गदहा
(D) स्टेशन
नीचे दिए गए विकल्पों में से सही उत्तर चुनिए –
जिसकी पत्नी साथ नहीं हो वाक्यांश के लिए उचित एक शब्द है –
इनमें से एकार्थक का उदाहरण है –