Step 1: Understanding the Question:
प्रश्न पूछ रहा है कि 'शिवोऽहम्' (मैं शिव हूँ) ऐसा किसने कहा था। यह प्रश्न 'आदिशङ्कराचार्यः' पाठ से संबंधित है।
Step 2: Key Concept:
'शिवोऽहम्' अद्वैत वेदान्त दर्शन का मूल मंत्र है, जिसका अर्थ है कि आत्मा और परमात्मा (यहाँ शिव) एक ही हैं।
Step 3: Detailed Explanation:
अद्वैत वेदान्त के प्रवर्तक आचार्य शंकर थे। उन्होंने 'अहं ब्रह्मास्मि' (मैं ब्रह्म हूँ) और 'शिवोऽहम्' की अवधारणा का प्रतिपादन किया, जो यह बताती है कि जीव मूल रूप से ब्रह्म या शिव स्वरूप ही है।
शिवगुरु और सुभद्रा उनके माता-पिता थे तथा गोविन्दपाद उनके गुरु थे। 'शिवोऽहम्' का दार्शनिक उद्घोष स्वयं आचार्य शंकर ने किया था।
अतः, विकल्प (A) सही है।