क्षेत्रीय दल एक ऐसा राजनीतिक दल होता है जिसका प्रभाव और जनाधार मुख्य रूप से एक विशेष राज्य या भौगोलिक क्षेत्र तक ही सीमित होता है। राष्ट्रीय दलों के विपरीत, जो राष्ट्रव्यापी मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करते हैं, क्षेत्रीय दल अक्सर अपनी नीतियों और कार्यक्रमों को विशिष्ट क्षेत्रीय हितों, भाषा, संस्कृति और पहचान के इर्द-गिर्द केंद्रित करते हैं।
विशेषताएँ: - इनका प्रभाव एक या कुछ राज्यों तक सीमित होता है।
- ये अक्सर क्षेत्रीय स्वायत्तता और राज्यों के लिए अधिक अधिकारों की वकालत करते हैं।
- ये उस क्षेत्र विशेष की सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक समस्याओं को प्रमुखता से उठाते हैं।
- उदाहरण: तमिलनाडु में डी.एम.के. (DMK), पंजाब में शिरोमणि अकाली दल, और महाराष्ट्र में शिवसेना।